ओला ने बड़े विश्वास से रखा था ड्राइवर फहीम अख्तर रजा को… लेकिन फहीम ने कर डाला ये सब


अभी कुछ समय पहले zomato नाम की ऑनलाइन फ़ूड आर्डर करने वाली कम्पनी के एक मुस्लिम स्टाफ के चलते वो कम्पनी चर्चा में आ गई थी और उसके बाद उस कम्पनी के मालिक को राहुल गाँधी जैसे लोगो ने फॉलो करना शुरू कर दिया था.. उस समय समाज दो धडो में बंट गया था और इस मामले को दिया गया था साम्प्रदायिक रंग. zomato का विवाद अभी थमा नही था कि अब एक नया मामला आया है ऑनलाइन टैक्सी सर्विस दिलाने वाली OLA कम्पनी से ..

ओला कम्पनी में एक ड्राइवर था फहीम जो बरेली जिले में OLA कैब चलाता था .. OLA के बड़े अधिकारी उस फहीम पर बहुत विश्वास करते थे. एक दिन फहीम के पास एक महिला की बुकिंग आती है जो महिला एक शोपिंग मॉल तक जाना चाहती थी . उस महिला ने मॉल तक बुकिंग की थी इसलिए वो उस से पहले उतरने को तैयार नही थी लेकिन फहीम ने जबरन जिद कर के और उस महिला को धमका कर उसके बच्चो सहित उसे माल से काफी पहले ही उतार दिया जिस से महिला बहुत दुखी हुई और उसको काफी परेशानी हुई .

उस महिला ने फहीम के इस व्यवहार की शिकायत ओला कस्टमर केयर से कर दी . उसके बाद फहीम ने उतार फेंका अपना ड्राइवर का रूप और आ गया अपने असली दरिंदगी के रूप में..  कुछ देर बाद ही महिला के पास तमाम फोन काल आने शुरू हो गये। फोन करने वाले महिला का नाम पूछ रहे थे और उससे अश्लील बातें कर रहे थे। बाद में  पता चला कि उस फहीम नाम के उन्मादी ने महिला का नम्बर ओला कालिंग से निकल कर चारो तरफ एक कॉल गर्ल के रूप में प्रचारित कर दिया ..

दो सितंबर को महिला के नंबर पर एक लड़के ने कॉल की। महिला ने लड़के को हड़काया और पुलिस में शिकायत करने की धमकी दी। इस पर लड़के ने कहा कि उसे महिला का नंबर सिस्टम व्हाटसएप ग्रुप पर मिला है। ग्रुप पर लिखा था कि ये कॉल गर्ल का नंबर है।इस मामले की जानकारी जब पुलिस को हुई तो एसएसपी के आदेश पर कोतवाली में फहीम के खिलाफ आईटी एक्ट के आरोप में मुकदमा दर्ज किया गया है और फहीम की तलाश पुलिस ने शुरू कर दी है..

हालात तो यहाँ तक बन गये अब मजबूरन महिला को अपना नंबर बंद करना पड़ा और ओला पर सवाल उठने लगे हैं कि क्या वो ग्राहकों के नम्बरों के ऐसे दुरूपयोग की जिम्मेदारी अपने ऊपर भी लेगा या फहीम जैसों को ओला बिना किसी जांच पड़ताल के भर्ती कर लिया करती है .. इस घटना ने ओला कम्पनी के कैब में महिलाओं की सुरक्षा पर बड़े और कड़े सवाल खड़े कर दिए हैं..


सुदर्शन के राष्ट्रवादी पत्रकारिता को आर्थिक सहयोग करे और राष्ट्र-धर्म रक्षा में अपना कर्त्तव्य निभाए
DONATE NOW

Share
Loading...

Loading...