सोशल मीडिया पर हिन्दू विरोधी घोषित हुई कम्पनी ZOMATO .छिड़ी बहिष्कार की मुहिम, मोबाईल से हटाए जा रहे एप

खाने का धर्म नहीं होता है फिर भी भारत में मन्दिर के भंडारे में धर्म देख कर जहर मिलाने की साजिश की गई है और इतना ही नहीं यहाँ के हिन्दू वोटों से बने विधायक तक खुल कर एक वर्ग के बहिष्कार की धमकी देते दिखाई दिए है .. फिर हिन्दू धर्म कई सिद्धांतो और नियमो पर चलता है , मसलन त्योहारों और व्रतों में साफ़ सफाई और मांसाहार इत्यादि से दूर रहना भी .. लेकिन जब कोई इन सिद्धांतो को अपने कुतर्को से कुचलने की कोशिश करता है तो वही होता है जो सोशल मीडिया पर दिख रहा है .

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ध्यान देने योग्य है कि सावन में महादेव शिव का व्रत रखे हुए एक हिन्दू युवक को पहले मुस्लिम लड़के द्वारा खाना भेजने की जिद पर अड़ जाने और उसके बाद उसका क्रेडिट सोशल मीडिया में लेने की चाहत ने खाना पार्सल की ऑनलाइन कम्पनी ZOMATO के लिए समस्या खड़ी कर दी है .. फेसबुक और ट्विटर पर कल से ये कम्पनी ट्रेंड कर रही है और इसके पक्ष और विपक्ष में जिस प्रकार से लामबंदी हुई है उसके बाद इस कम्पनी ने पूरी तरह से राजनैतिक परिदृश्य जैसा अपना लिया है

अड़ने और अकड़ने का बहुत गंदा इतिहास रहा है ZOMATO का. लखनऊ युनिवर्सिटी में कर चुके हैं मार पीट, सडक को कर चुके हैं जाम और इसके स्टाफ हंगामा काट चुके हैं थाने पर

विदित हो कि सावन के व्रत को रखने वाले लड़ने ने किसी माँसाहारी के हाथ से लाया खाना न खाने की बात कही तो उस पर Zomato कम्पनी अड़ गई .. उसके बाद उस कंपनी के समर्थन में कुछ ऐसे लोग आये जो स्वभाव से हिन्दू विरोधी कहे जाते हैं .. लेकिन इसी क्रिया की प्रतिक्रिया देखने को मिल रही अब सोशल मीडिया पर .. फेसबुक और ट्विटर पर कई लोगों को इस कम्पनी के बहिष्कार करने की अपील करते देखा जा रहा है . कुछ लोगों ने तो बाकायदा स्क्रीन शॉट भी डाल रखे हैं इस कम्पनी के एप को अपने मोबाईल से हटाने की बात कर के.. फ़िलहाल Zomato भी पूरी तरह से अपनी बात पर अड़ा हुआ है जिसके चलते इस विरोध का दायरा और भी तेजी से बढ़ता जा रहा है .

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