दर्द मिटाने वाले तेल का विज्ञापन करते थे गोविंदा व जैकी श्रॉफ.. दर्द नहीं मिटा तो कोर्ट ने दी ये सजा


इस खबर के बाद कोई भी सेलिब्रिटी किसी भी प्रोडक्ट का विज्ञापन करने से पहले एक बार सोचेगा जरूर. बॉलीवुड अभिनेता गोविंदा तथा जैकी श्रॉफ ने जब दर्द मिटाने वाले इस तेल का विज्ञापन किया होगा तब उन्हें इस बात का अंदाजा नहीं रहा होगा कि ये कदम उन पर इस कदर भारी पड़ने वाला है. जानकारी के मुताबिक़, गोविंदा और जैकी श्रॉफ पर मुजफ्फरनगर की एक उपभोक्ता अदालत ने 20 हजार रुपये का जुर्माना लगाया है.

गोविंदा तथा जैकी श्रॉफ पर लगे इस जुर्माने की वजह भी बेहद खास है. दरअसल एक व्यक्ति ने तेल कंपनी पर केस दर्ज किया था कि विज्ञापन में तेल से दर्द मिटने के दावा किया था, लेकिन उनका दर्द नहीं मिटा. ऐसे में कोर्ट ने एक्टर्स और कंपनी पर जुर्माना लगाया है. कोर्ट ने दर्द निवारक तेल का प्रचार करने के लिए 20 हजार रुपये का जुर्माना लगाया है. यह मामला पांच साल पहले का है, जब एक शख्स ने हर्बल ऑयल बनाने वाली कंपनी और इसके दो सेलिब्रिटी ब्रांड एंबेसडर के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया था.

शिकायतकर्ता का आरोप है कि तेल खरीदने के 15 दिनों में दर्द निवारण नहीं हुआ, जैसा कि इसके विज्ञापन में दावा किया गया था. साल 2012 में जुलाई में मुजफ्फरनगर के वकील अभिनव अग्रवाल ने अखबार में विज्ञापन देखकर अपने 70 वर्षीय पिता बृजभूषण अग्रवाल के लिए 3600 रुपये की कीमत वाला यह तेल खरीदा था और कंपनी ने दावा किया था कि दर्द ठीक ना होने पर पैसे वापस दे दिए जाएंगे. लेकिन दर्द ठीक ना होने की स्थिति में पैसे वापस मांगे गए तो कंपनी प्रतिनिधि ने पैसे देने से मना कर दिया.

जब उन्‍होंने फिर से कंपनी को संपर्क किया तो वे वकील को परेशान करने लगे. इसके बाद वकील ने उपभोक्‍ता अदालत में शिकायत दर्ज कराई. शिकायतकर्ता का कहना है कि गोविंदा और जैकी श्रॉफ इस कंपनी का प्रचार कर रहे हैं तो उन्होंने यह खरीद लिया. अब कोर्ट ने गोविंदा, जैकी श्रॉफ समेत पांच लोगों पर जुर्माना लगाया है और अन्य कानूनी खर्चो के साथ-साथ अग्रवाल को 9 प्रतिशत प्रति वर्ष की ब्याज दर के साथ 3600 रुपये का भुगतान करने के लिए भी कहा है.


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