Breaking News:

सुअरों के अंग से बनने जा रही कुछ दवाएं…


कुछ मज़हब के लोग सूअर को नापाक मानते हैं. उन मज़हबी लोगों के लिए सुअरो का नाम ज़ुबान पर लेना भी एक गुनाह होता हैं। लेकिन अगर सूअर का इस्तमाल लोगों की जान बचा सके तो उन मज़हबी लोग की इसपर क्या प्रतिकिर्या रहेगी।

दरसअल ,मेडिकल साइंस ने एक स्तर आगे बढ़कर नई खोज की हैं जिसमे सूअर के दिलों और अन्य अंगों को सूअरों से मनुष्यों में ट्रांसप्लांट करना संभव हो सकता है।

जिससे कई लोगों की जाने बचाई जा सकेगी। यानि की लोगों को अंग ट्रांसप्लांट करने के लिए डोनर को ढूंढ़ने की ज़रूरत नहीं पड़ेगी।

अब देखना यह होगा कि जिन्हे सूअर के नाम से ही नफरत हैं अगर उनका इस्तमाल दवाइओ और ट्रांसप्लांट के लिए किया जायेगा तो इसके खिलाफ वे मज़हबी लोग धरना प्रदर्शन करेंगे, जैसे वे एक देशद्रोही या आतंकी के मारे जाने के बाद करते हैं।  


सुदर्शन के राष्ट्रवादी पत्रकारिता को आर्थिक सहयोग करे और राष्ट्र-धर्म रक्षा में अपना कर्त्तव्य निभाए
DONATE NOW

Share