“विदेश यात्राओं के समय होटल नहीं बल्कि एयरपोर्ट टर्मिनल पर ही नहा लेते हैं प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी’


विपक्ष अक्सर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की विदेश यात्राओं को लेकर सवाल उठाता रहता है, विदेश यात्राओं को लेकर पीएम मोदी पर निशाना साधता रहता है. लेकिन प्रधानमंत्री मोदी के बारे में ये ऐसी खबर है जो एक बार को तो उन्हें सैल्यूट करने को मजबूर कर ही देगी. हालाँकि ये भी है कि जो अंधविरोधी हैं, वो इसमें भी कुछ कमियाँ निकाल ही लेंगे तथा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की आलोचना का मसाला खोज लेंगे.

पीएम मोदी की विदेश यात्राओं पर सवाल उठाने वालों को जवाब दिया है गृहमंत्री अमित शाह ने. गृहमंत्री अमित शाह ने लोकसभा में बताया कि प्रधानमंत्री जब कभी भी विदेश दौरे पर जाते हैं तो कोशिश करते हैं कि किसी तरह खर्चां में कटौती की जा सके. गृहमंत्री अमित शाह ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी विदेश यात्राओं में टेक्निकल हॉल्ट के दौरान फाइव स्टार होटल में ठहरने के बजाय एयरपोर्ट टर्मिनल्स पर ही आराम या नहाने का विकल्प चुन लेते हैं.

अमित शाह ने लोकसभा में जवाब देते हुए कहा कि जब भी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी विदेश यात्रा पर जाते हैं तो अपने साथ पिछली बार की तुलना में 20 फीसदी कम स्टाफ ले जाते हैं. इसी तरह आधिकारिक प्रतिनिधिमंडल के लिए इस्तेमाल होने वाली कारों की संख्या में भी उन्होंने कटौती की है. पहले अधिकारी अलग-अलग कारों का इस्तेमाल करते थे, लेकिन प्रधानमंत्री मोदी के आने के बाद ये सभी लोग बस या किसी बड़े वाहन में एक साथ जाते हैं.

वहीं एसपीजी संशोधन विधेयक 2019 पर जवाब देते हुए गृहमंत्री ने कहा कि गांधी परिवार ने एसपीजी सुरक्षा के मानदंडों का कई बार उल्लंघन किया है, जबकि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पिछले 20 सालों से मिली सुरक्षा के दौरान एक बार भी इसका उल्लंघन नहीं किया है. शाह ने कहा कि कुछ लोगों के लिए सुरक्षा कवर एक स्टेटस सिंबल रहा है. कुछ के लिए यह मात्र एक मुद्दा बन गया है. उन्होंने कहा कि आइए, मोदी जी के उदाहरण का पालन करें जो सुरक्षा मानदंडों और प्रोटोकॉल का हमेशा पालन करते हैं.

गृहमंत्री ने गांधी परिवार पर निशाना साधते हुए कहा कि अगर हमें एसपीजी सुरक्षा मिली है तो विदेश में ऐसा क्या काम है, जो हम इसे घर छोड़कर जा रहे हैं. राजनाथ सिंह भी यहां बैठे हैं. कई बार काले कपड़े पहने कमांडो उन्हें टॉयलेट तक छोड़कर आते हैं, लेकिन उन्होंने कभी कुछ नहीं कहा. सुरक्षा मिली है तो उसे साथ रखने में क्या बुराई है.


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