दीपावली पर योगी ने मिटा दी गुलामी की एक और निशानी.. फैज़ाबाद का नाम हुआ अयोध्या

दीपावली के पावन पर्व पर देशवासी उस समय खुशी से झूम उठे जब उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी ने फैज़ाबाद का नाम बदलकर अयोध्या रखने की घोषणा की. फैज़ाबाद का नाम अयोध्या रख योगी जी ने एक और गुलामी की निशानी को मिटा दिया तथा धर्मनगरी अयोध्या को उसका पुराना गौरव लौटाया। अयोध्या में सरयू नदी के तट पर दीपोत्सव कार्यक्रम के योगी जी ने फैज़ाबाद का नाम अयोध्या किये जाने की घोषणा की. सीएम योगी ने फैजाबाद का नाम बदलने का ऐलान करते हुए कहा, ‘आज से अयोध्या के नाम से यह जनपद जाना जाएगा। इसके अलावा सीएम योगी ने अयोध्या में मेडिकल कॉलेज का नाम राजर्षि दशरथ और एयरपोर्ट का नाम हिंदुओं के आराध्य राम के नाम पर करने की घोषणा की.

मुख्यमंत्री योगी जी ने कहा कि अयोध्या हमारे आन, बान और शान की प्रतीक है। मैं मानता हूँ कि अयोध्या की पहचान मर्यादा पुरुषोत्तम भगवान श्रीराम से है। अयोध्या के दीपोत्सव कार्यक्रम को दुनिया ने स्मरण किया है। अभी तो यह उदाहरण है। आज कोरिया गणराज्य आपके उत्सव में शामिल हुआ है।’ अयोध्या में आयोजित दीपोत्सव कार्यक्रम के उद्घाटन के मौके पर सीएम योगी ने कहा कि वह एक नए संकल्प के साथ अयोध्या आए हैं। उन्होंने कहा, ‘आज देश जान रहा है कि अयोध्या क्या चाहता है। हम आपको आश्वस्त करने आए हैं कि दुनिया की कोई ताकत अयोध्या के साथ अन्याय नहीं कर सकती। मुझसे पहले कोई मुख्यमंत्री यहां नहीं आया। मैं डेढ़ साल में 6-6 बार यहां आया हूं। हम अयोध्या का विकास चाहते हैं। हम चाहते हैं कि अयोध्या की पहचान अयोध्या की तरह ही रहे।

योगी जी ने कहा कि योगी ने कहा कि आज भारत पीएम मोदी के नेतृत्व में उसी दिशा में आगे बढ़ रहा है, जो सोच भगवान प्रभु राम ने की थी। उन्होंने कहा, ‘प्रभु श्रीराम ने लंका पर विजय प्राप्त करने के बावजूद रावण के भाई को सत्ता सौंपी। यह हमारी सांस्कृतिक पहचान है। भारत ने सबको अपने गले से लगाया। यही वजह है कि जो भी यहां आया वह भारत का होकर रह गया।’ सीएम योगी ने कहा, ‘अयोध्या में एक नया मेडिकल कॉलेज बन रहा है। इस मेडिकल कॉलेज का नाम राजर्षि दशरथ के नाम पर होगा। यहां पर एयरपोर्ट का भी निर्माण पर हो रहा है। एयरपोर्ट का नाम मर्यादा पुरुषोत्तम श्रीराम के नाम पर रखेंगे।’ योगी ने कहा कि अयोध्या और देश की भावनाओं के साथ हम सब जुड़ना चाहते हैं, इसीलिए ऐसे कार्यक्रम का आयोजन किया गया। उन्होंने दावा किया कि आगे भी ऐसे कार्यक्रम के आयोजन होते रहेंगे। इस दौरान उन्होंने कहा कि हरिद्वार की तर्ज पर अयोध्या में भी सरयू के किनारों को विकसित किया जाएगा। कोरिया गणराज्य की प्रथम महिला किम-जुंग सुक के साथ उनके प्रतिनिधि दल का स्वागत करते हुए योगी ने कहा कि ये लोग भी यहां अपने अतीत से जुड़ने आए हैं। इनके आगमन से दीपोत्सव के इस कार्यक्रम को अंतरराष्ट्रीय मान्यता भी मिल रही है. उन्होंने कहा कि मैं दीपोत्सव और दीपावली के कार्यक्रम पर आपको हृदय से बधाई देता हूं और उम्मीद करता हूं कि अयोध्या की धरती अपने शांति और सौहार्द के संदेश को इसी तरह प्रवाहित करेगी।

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