आतंक का फन कुचलना कैसे है कोई सीखे श्रीलंका से.. ईस्टर हमला न रोक पाने वाला पूर्व पुलिस प्रमुख गिरफ्तार.. एक बड़ा अधिकारी भी जेल में

इस्लामिक आतंकियों के खिलाफ बेहद ही क्रूरता के साथ पेश आने वाले देशों की बात की जाए तो इजरायल तथा रूस का नाम सबसे पहले जुबां पर आता है. ये दोनों मुल्क इस्लामिक आतंक के सबसे बड़े दुश्मन माने जाते हैं. लेकिन अब इस लिस्ट में श्रीलंका भी एंट्री क्र चुका है. आतंक का फन कैसे कुचलना है, इसकी नई परिभाषा तय कर रहा है श्रीलंका. श्रीलंका आतंक को लेकर रूस तथा इजरायल की राह पर बढ़ता हुआ दिखाई दे रहा है.

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आपको बता दें कि ईस्टर पर हुए आतंकी हमलों के सिलसिले में श्रीलंका के पूर्व रक्षा सचिव हेमासिरी फर्नांडो और पूर्व पुलिस प्रमुख पुजीत जयसुंदरा को आतंकी हमला न रोक पाने के लिए मंगलवार को गिरफ्तार कर लिया गया. ये गिरफ्तारियां ऐसे समय हुईं हैं, जब रविवार को अटार्नी जनरल ने अधिकारियों को फर्नांडो और जयसुंदरा पर आतंकी हमलों को रोकने में नाकाम रहने के मामले में आरोपित करने का निर्देश दिया था. बता दें कि श्रीलंका में आतंकी हमले में 350 से अधिक लोग मारे गए थे और सैकड़ों लोग घायल हो गए थे.

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राष्ट्रपति मैत्रीपाला सिरीसेना ने भारत द्वारा साझा की गई खुफिया जानकारी पर निष्क्रियता और 21 अप्रैल को श्रृंखलाबद्ध विस्फोट रोकने में नाकाम रहने पर जयसुंदरा और फर्नांडो को निलंबित किया था. भारत ने पहले ही इस्लामी आतंकियों द्वारा हमले की आशंका जताई थी. पुलिस प्रवक्ता रूवान गुनासेकरा ने कहा कि जब पुलिस ने इन दोनों को गिरफ्तार किया तो वे अलग अलग अस्पतालों में इलाज करा रहे थे. जयसुंदरा को पुलिस अस्पताल से जबकि फर्नांडो को कोलंबो राष्ट्रीय अस्पताल से गिरफ्तार किया गया. दोनों को सीआईडी के सामने पेश होना है.

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