सीरिया से भागी जिन लड़कियों को शरण दी इस्लामिक मुल्क लेबनान ने,, अब वहां वो बच्चियां बन गई हैं उनकी हवस बुझाने का माध्यम


सीरिया से भागकर इस्लामिक मुल्क लेबनान की राजधानी बेरूत में शरण वाली लड़कियों के बारे में वो सनसनीखेज खुलासा हुआ है, जिसने पूरी दुनिया में हड़कंप मचा दिया है. इस खुलासे में बताया गया है कि बेरूत में शरण लेने वाली लड़कियां वहां के चरमपंथियों की हवस मिटाने का साधन मात्र बनकर रह गई हैं तथा एक तरह से उनके साथ सेक्स स्लेव की तरह व्यवहार किया जा रहा है.

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मीडिया सूत्रों के हवाले से मिली जानकारी के मुताबिक़, नियमितता के साथ, योजना इंटरनेशनल द्वारा नए शोध विकास और मानवीय संगठन ने खुलासा किया है कि बेरुत में शरणार्थी के रूप में रहने वाली लडकियाँ यौन उत्पीड़न का शिकार हो रही हैं. संगठन के मुताबिक़, आधी से अधिक लड़कियों ने खुद बताया है कि वे यौन हिंसा और यौन उत्पीड़न का सामना कर रही हैं. 10 से 19 वर्ष की आयु की 400 लड़कियों के साथ किए गए सर्वेक्षण के आधार पर, मंगलवार को हुए अध्ययन में लेबनान की राजधानी में बड़े होने के दौरान लड़कियों के साथ दुर्व्यवहार के कई खतरों का वर्णन किया गया.

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संगठन के मुताबिक़, सर्वेक्षण में शामिल लोगों में से 70 प्रतिशत ने असुरक्षित महसूस किया अगर वे दिन के दौरान अकेले शहर में घूमते हैं, जबकि लगभग 90 प्रतिशत ने कहा कि उन्हें रात में अपनी सुरक्षा के लिए डर रहता है. लड़कियों ने पुरुषों और लड़कों द्वारा परेशान किए जाने या उनका पीछा करने की बात कही, जबकि अन्य ने अपहरण या बलात्कार किए जाने पर चिंता व्यक्त की. शोधकर्ताओं ने कहा  कि लड़कियां कहती हैं कि हम अकेले बाहर जाने से डरते हैं क्योंकि उनके साथ कहीं कभी भी कुछ भी हो सकता है. ये भी बताया गया है यहां बच्चियों की उम्र में काफी बड़े लोगों से शादी करा दी जाती है.

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20 जून को विश्व शरणार्थी दिवस से पहले शुरू की गई रिपोर्ट ने सरकारों, संयुक्त राष्ट्र और लेबनान में नागरिक समाज के अभिनेताओं को शरणार्थी लड़कियों का समर्थन करने के लिए कार्रवाई करने का आह्वान किया. मध्य पूर्व में योजना के क्षेत्रीय कार्यक्रम निदेशक कॉलिन ली ने कहा, ‘किशोरावस्था की लड़कियों को अपनी आवाज शायद ही कभी सुनाई देती है, और मानवीय संकट के दौरान यह उपेक्षा केवल तेज हो जाती है. उनके माता-पिता कहते हैं कि ‘बाल विवाह बढ़ रहा है क्योंकि माता-पिता अपनी बेटियों की सुरक्षा के लिए बहुत भयभीत हैं.

 

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