मध्य प्रदेश में पढ़ता था वो और सब कहते थे उसे बेहद शरीफ छात्र ..अचानक पता चला कि वो था दुर्दांत आतंकी


अक्सर नेताजी के भाषणों में सुना जाता है की आतंकवाद का कारण अशिक्षा है , जो बच्चे पढ़ नहीं पाते वो आतंक जैसे राह पर चल देते हैं पर इस मामले में नेता जी के बताये गए हर समीकरण फेल होते दिख रहे हैं क्योंकि इस बार के उदहारण में शिक्षा कहीं भी किसी भी रूप में सामने या चुनौती के रूप में दिख ही नहीं रही है . इस बार वो चला है आतंक की राह पर जो ना शिक्षा में कम था और ना ही पैसे से ..

मामला है मध्य प्रदेश का . यहाँ ग्वालियर में जीवाजी विश्व विद्यालय है जहाँ पर देव विदेश के छात्र आ कर अपनी डाक्टरी आदि की पढ़ाई करते हैं . इन्ही में तमाम कश्मीरी छात्र भी रहते हैं और उन्ही तमाम कश्मीरी छात्रों में से एक था सबज़ार … सबज़ार को पूरे कालेज में काफी लोग शांत और अच्छे स्वभाव का मानते थे की अचानक ही उसने अपनी फेसबुक पर एक फोटो पोस्ट की जिसमे उसने खुद को खुद से ही आतंकी माना है और बताया है की अब वो मुजाहिद हो चुका है ..

इस फोटो में सबजार के हाथों में घातक क्लाश्निकोव आटोमैटिक रायफल दिख रही है जिसकी फोटो उसने ऐसे डाल कर रखी है जैसे वो ये हथियार देश की रक्षा के लिए ले कर खड़ा हो .उसको अपने आतंकी और देशद्रोही होने का ज़रा सा भी मलाल नहीं दिख रहा है फोटो में . इस फोटो के सार्वजनिक होते ही पुलिस और तमाम ख़ुफ़िया एजेंसियां सतर्क हो गयी और उस से जुड़े तमाम कागजातों का सत्यापन करवाने लगी .. आतंकी सबज़ार कश्मीर के अनंतनाग का रहने वाला है .. इस हरकत के बाद उस कालेज में उसको अच्छा और शरीफ के साथ होनहार छात्र कहने वाले उसके तमाम साथी भी हैरान है क्योंकि ऐसा उनके लिए बेहद अचम्भित कर अप्रत्याशित है . 


सुदर्शन के राष्ट्रवादी पत्रकारिता को आर्थिक सहयोग करे और राष्ट्र-धर्म रक्षा में अपना कर्त्तव्य निभाए
DONATE NOW

Share