भारत की 7वीं आर्थिक गणना की शुरुआत त्रिपुरा से हुई…

भारत की सातवीं आर्थिक गणना सोमवार को त्रिपुरा से शुरू हुई है. अधिकारियों ने बताया कि अगले महीने में इसी तरह की कवायद देश के अन्य राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में शुरू की जाएगी. आर्थिक गणना के नोडल अधिकारी अरूप कुमार चंदा ने बताया, त्रिपुरा में आज सोमवार को सातवीं आर्थिक गणना के तीन महीने के फील्डवर्क की शुरुआत की गई है. अन्य राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में फील्डवर्क अगस्त और सितंबर में आरंभ होगा.

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उन्होंने बताया कि प्रत्येक ग्राम पंचायत में कॉमन सर्विस सेंटर द्वारा आईटी-समर्थित आर्थिक गणना की जाएगी. अधिकारी ने बताया कि सीएससी द्वारा नियोजित प्रगणकों और पर्यवेक्षकों को मोबाइल एप्लीकेशन के जरिए आंकड़ों का संकलन करने का प्रशिक्षण दिया गया है. आंकड़े संग्रह करने और उसका सत्यापन करके रिपोर्ट तैयार करने व प्रसार करने के लिए मोबाइल एप्लीकेशन विकसित किया गया है.

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आर्थिक गणना में मंत्रालय ने 7वीं आर्थिक गणना के लिए कार्यान्वयन एजेंसी के रूप में इलेक्ट्रॉनिक और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय के तहत एक विशेष उद्देश्य माध्यम, सीएससी ई-शासन सेवा इंडिया लिमिटेड के साथ साझेदारी की है. आर्थिक गणना में आंकड़े जुटाने, उनके प्रमाणीकरण, रिपोर्ट तैयार करने तथा इनके प्रसार के लिए आईटी आधारित डिजिटल प्लेटफॉर्म का इस्तेमाल किया जाएगा.

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त्रिपुरा में आर्थिक गणना के लिए करीब 6,000 बेरोजगार युवाओं को प्रगणक व पर्यवेक्षक के तौर पर इस काम में लगाया जा रहा है. एक आधिकारिक विज्ञप्ति में कहा गया कि सर्वे के तहत सभी घरों एवं वाणिज्यिक संस्थानों से आंकड़े जुटाए जाएंगे. ये आंकड़े गुप्त रखे जाएंगे और इसका उपयोग राज्य सरकार और केंद्र सरकार की विकासपरक योजनाओं के लिए किया जाएगा.

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