शमशुद्दीन की फेसबुक प्रोफाइल को देखकर मर मिटी थी वो लड़की और धर्म से बड़ा हो गया लव.. अंत में उसके साथ हुआ जिहाद

उसको उसके परिजनों ने बचपन से ही कथित सेक्यूलरिज्म की शिक्षा दी थी तभी तो हिन्दू संगठन उसकी आँखों में खटकते थे. वो कहती थी कि ये हिन्दू संगठन व्यर्थ में हिन्दू मुस्लिम करते रहते हैं तथा समाज में नफरत फैलाते रहते हैं. इस दुनिया में कुछ भी हिन्दू मुसलमान आदि नहीं होता तथा सब इंसान होते हैं. माथे पर तिलक लगा लिया, गले में भगवा डाल लिया तथा हिन्दू संगठन से जुड़कर नफरत फैलाना शुरू कर दी. उसके अनुसार ये भगवा संगठन समाज के दुश्मन थे तथा वह इनसे बचकर रहने की सलाह देती थी. लव जिहाद आदि की बातें उसको फालतू का प्रोपगेंडा लगती थीं.

मामला झारखण्ड के दुर्ग के रायपुर नाका का है. बताया गया है कि 2017 में एक दिन फेसबुक पर युवती को गुजरात के रहने वाले शमशुद्दीन नामक व्यक्ति की फ्रेंड रिक्वेस्ट आई, जिसे उसने स्वीकार कर लिया. दोनों की दोस्ती हुई, बातें होने लगीं तथा नजदीकियां बढ़ गईं. अब युवती पूरी तरह शमशुद्दीन पर मर मिटी थी तथा उसके लिए कुछ भी करने को तैयार थी. इसके बाद शमशुद्दीन युवती के जन्मदिन पर नवंबर 2018 में गुजरात से दुर्ग आकर होटल में रूका. 26 नवंबर को उसने होटल के कमरे में युवती का बर्थडे मनाया और उससे शारीरिक संबंध भी बनाया.

इसके बाद वह वापस लौट गया. वह वादा करता रहा कि वह जल्द उससे शादी कर लेगा. युवती के परिवार वाले भी शाशुद्दीन के साथ अपनी बेटी की शादी को तैयार हो गये. शमशुद्दीन 27 जनवरी 2019 को युवती की बहन की शादी में शामिल होने आया. यहां मौका देखकर परिवार वालों के सामने उसने युवती के साथ विवाह करने का प्रस्ताव भी रखा. युवती के परिवार वाले खुश हो गये तथा सप्ताहभर दमाद के रूप में उसकी खातिरदारी की. इसके बाद जल्द शादी की बात कहकर शमशुद्दीन लौट गया.

इस दौरान युवती गर्भवती हो गई.  युवती ने जब शमशुद्दीन को यह बताया कि वह गर्भवती है तो उसने दूरियां बढ़ानी शुरू कर दी. युवती के ज्यादा कहने पर शमशुद्दीन ने बताया कि वह विवाहित है और पत्नी के साथ तलाक की प्रक्रिया चल रही है. उसने युवती को गर्भपात कराने की सलाह दी तथा भी कहा कि जैसे उसका पत्नी से तलाक हो जाएगा वह उससे शादी कर लेगा. शमशुद्दीन की बात पर विश्वास कर युवती इंतजार करने लगी. फिर धीरे-धीरे आरोपी ने बातचीत करना ही बंद कर दिया. फेसबुक एकाउंट से युवती को हटा दिया.

शमसुद्दीन जब दुर्ग आया था तो एक ही बात कहता कि वह जल्द ही विवाह करेगा तथा विवाह के बाद पूरे परिवार की तकदीर बदल जाएगी. विवाह सामारोह खत्म होने के बाद शमशुद्दीन कुछ दिन परिवार के साथ रहा तथा न सिर्फ युवती बल्कि पूरे परिवार को भरोसे में ले लिया. अब जब शमशुद्दीन युवती की जिन्दगी तबाह कर चुका है तब युवती तथा उसके परिजनों को हिन्दू संगठनों की एक एक बात सच्ची लग रही है. युवती तथा उसके परिजनों ने पुलिस में शिकायत कर शमशुद्दीन के खिलाफ कार्यवाई की मांग की है.

राष्ट्रवादी पत्रकारिता को समर्थन देने हेतु हमे आर्थिक सहयोग करे. DONATE NOW पर क्लिक करे
DONATE NOW