जनता का सौभाग्य था कि पुलिस सतर्क थी वरना मस्जिद के इमाम मुल्ला ताहिर ने बना रखी थी खूनी साजिश

उत्तर प्रदेश की क़ानून व्यस्था को कसने की अथक कोशिश में लगे योगी आदित्यनाथ को अजीब घटनाओं से रूबरू होना पड़ रहा है.

नया मामला गाज़ियाबाद का है. यहाँ के विजय नगर थाने के अम्बेडकर चौकी के इंचार्ज अंजनी कुमार अपनी ड्यूटी पर बेहद मुस्तैद थे . उन्हें अपने विश्वस्त सूत्रों से पता चला कि उनके क्षेत्र से हथियारों का जखीरा गुजरने वाला है. ये घटना अंजनी कुमार के लिए बेहद महत्वपूर्ण थी . उन्होंने अपनी टीम के साथ जाल बिछाया और उन्हें सफलता भी मिली जब उनके हाथ एक मस्जिद का मौलाना इमाम मुल्ला ताहिर वल्द जफरुद्दीन निवासी शेरपुर मुजफ्फरनगर आ गया . मौलाना ऑटो में बैठ कर एक गठरी में कुछ ले जा रहा था .

जब मौलाना को पुलिस चौकी ला कर तलाशी ली गयी तो गठरी में से जो मिला उसे देख कर पुलिस वाले भी हैरान हो गए . गठरी में पुलिस को 12 पिस्टल और 23 मैगज़ीन मिली. आगे की पूछताछ में मौलाना ने बताया कि वो जानसठ की एक मस्जिद का इमाम है, उसकी वेशभूषा के कारण उस पर कोई जल्दी हाथ नही डालता था.  पुलिस ने आगे जांच की तो पता चला ये मौलाना सन 2008 में एक बार और मुजफ्फरनगर पुलिस के हत्थे चढ़ कर जेल काट चूका है .


पुलिस इस कुख्यात मौलाना के पूरे इतिहास और भविष्य की योजनाओं की जानकारी करने में जुटी है . पुलिस का कहना है कि इस मौलाना के नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों को भी जल्द ही गिरफ्तार किया जाएगा . 

सुदर्शन न्यूज को आर्थिक सहयोग करने के लिए नीचे DONATE NOW पर क्लिक करे
DONATE NOW