Breaking News:

एक नारी के साहस और पराक्रम से हार गये दुर्दांत नक्सली.. स्वीकार की ऐसी चुनौती जो बन जायेगी इतिहास

एक नारी के साहस की एक ऐसी गाथा लिखी जाने वाली है छत्तीसगढ़ में जो कि चुनौती है देश के दुश्मन बन चुके नक्सलियों के खिलाफ . निश्चित तौर पर ये चुनौती वो नक्सली स्वीकार नहीं कर पायेंगे और इसी के साथ ओजस्वी दर्ज हो जायेंगी भारत की सम्मानित नारियो की उस लिस्ट में जो अब तक याद की जातीं हैं किस्सों और कहानियों के साथ तमाम देशभक्ति के गानों में भी .. नारी शक्ति की नई प्रतीक बनती जा रहीं इनका नाम है ओजस्वी मांडवी जो दांतेवाडा में करेंगी एक अनोखा काम .

चुनाव से पहले के पार्टी के नारे में है “खुदा हाफिज” .. क्या जीतेगी वो इस नारे के सहारे ?

विदित हो कि ओजस्वी मांडवी भारतीय जनता पार्टी से उपचुनाव में उम्मीदवार हैं और वो कांग्रेस प्रत्याशी के खिलाफ चुनावी मैदान में खड़ी हैं . ओजस्वी मांडवी नक्सलियों के गढ़ कहे जाने वाले दंतेवाड़ा से भारतीय जनता पार्टी की उम्मीदवार हैं जो सीट इनके ही विधायक पति भीमा मांडवी की हत्या के बाद खाली हुई थी जिनकी नक्सलियों ने हत्या कर दी थी .. अब नक्सलियों को सीधी चुनौती देते हुए ओजस्वी मांडवी ने एलान किया है कि वो वहीँ से अपने चुनाव प्रचार की शुरुआत करेंगी जहाँ उनके पति की हत्या हुई थी .

अब तक कांग्रेस मुक्त भारत का एलान था, अब एक सूबा ऐसी मुक्ति का एलान कर रहा जो खौफ है बाकी पार्टियों के लिए

नामांकन दाखिल करने के बाद अपने समर्थकों सहित मीडिया से मुखातिब ओजस्वी मंडावी ने कहा कि मैं चुनाव जीतने के लिए पूरी तैयारी और कोशिश करूंगी. उन्होंने कहा कि मैं अपने प्रचार अभियान की शुरुआत श्यामगिरि के उसी इलाके से करूंगी जहां नक्सलियों ने मेरे पति की निर्मम हत्या कर दी थी. उन्होंने कहा कि मेरे पति,दिंंवगत विधायक भीमा मंडावी यहां की जनता का कल्याण और विकास चाहते थे. मैं चुनाव जीतकर उनका सपना पूरा करना चाहती हूं.

राष्ट्रवादी पत्रकारिता को समर्थन देने के लिए हमें सहयोग करें. नीचे लिंक पर जाऐं–

 

Share This Post