#SCSTAct को लेकर अगर समाधान नहीं निकाला गया तो स्थिति होगी खतरनाक… कद्दावर भाजपा सांसद के बयान से भाजपा में खलबली

SCST एक्ट को लेकर देश में सियासी तूफ़ान आया हुआ है. लेकिन ऐसा पहली बार है कि ये सियासी तूफ़ान सियासी दलों द्वारा नहीं बल्कि देश जेई जनता द्वारा लाया गया है जिससे हर राजनैतिक दल भयभीत है. विपक्ष के सहयोग से केंद्र सरकार द्वारा scst पर सुप्रीम कोर्ट का फैसला पलट दिए जाने से सवर्ण तथा ओबीसी समाज नाराज है जिसमें सवर्ण समाज काफी मुखर दिखाई दे रहा है. सवर्ण संगठन हर राजनैतिक दल के विधायक सांसद का घेराव कर रहे हैं, काले झंडे दिखा रहे है जिससे इन माननीयों के अंदर भय व्याप्त है, scst एक्ट के विरोध में सवर्ण तथा ओबीसी समाज ने कल 6 सितंबर को भारत बंद किया जिसमें भारी हुजूम उमड़ पड़ा जिससे राजनेताओं के माथे पर चिंता की लकीरें साफ़ दिखाई देने लगी हैं.

अब भारतीय जनता पार्टी के अंदर से ही SCST एक्ट को लेकर विरोध के स्वर सुनाई देने लगे हैं. भारतीय जनता पार्टी के कद्दावर नेता तथा लोकसभा सांसद कलराज मिश्रा ने कहा है कि सरकार तथा विपक्ष को मिलकर scst एक्ट का समाधान निकालना जरूरी है अन्यथा स्थिति काफी खतरनाक हो सकती है. कलराज मिश्रा ने कहा है कि कि बड़ी संख्या में SC/ST एक्ट का दुरूपयोग किया जा रहा जिससे स्वर्ण समाज में भयंकर रोष है. कलराज मिश्रा ने कहा कि जब एक बार फिर से SC/ST क़ानून में बदलाव किया है, उसके बाद से सवर्ण समाज में असुरक्षा की भावना बढ़ी है. उनका कहना है कि SC/ST एक्ट का दुरूपयोग सवर्ण समाज के ख़िलाफ़ किया जा रहा है. उन्होंने कहा कि सवर्ण समाज में फर्जी तरीके से पूरे परिवारों को इस एक्ट में फंसाया जा रहा है. पुलिस भी दबाव में काम कर रही है. जिससे सवर्ण समाज अपने आप को असंतुष्ट और असुरक्षित महसूस कर रहा है. इसलिए अब SC/ST एक्ट के विरोध में सवर्ण समाज विरोध प्रदर्शन कर रहा है. सवर्ण समाज सड़कों पर उतर रहा है जो बिल्कुल ठीक नहीं है.

कलराज मिश्रा ने कहा कि मेरी मांग है इस तरह की शिकायतों का संज्ञान लेते हुए इस एक्ट में पुनर्विचार किए जाने की जरूरत है, नहीं तो ये समस्या बढ़ेगी जो आंदोलन का रूप भी ले सकती है. कलराज मिश्रा ने कहा कि केंद्रीय मंत्री ने कहा कि मेरे सामने फर्जी तौर पर फंसाने के कई केस सामने आए. फैजाबाद में एक परिवार के चार लोगों को फर्जी फंसाया गया. देवरिया में एक प्रधान को भी ऐसे ही फंसाया गया. मैने पुलिस से बात की तो एसओ ने कहा मैं जानता हूं कि फर्जी है लेकिन अगर संज्ञान नहीं लिया गया तो स्थिति खतरनाक होगी क्योंकि चलना क़ानून के हिसाब से है. कलराज मिश्रा ने कहा कि ऐसी स्थिति सवर्णों को आक्रोशित कर रही है जो आगे चलकर बेहद ही खतरनाक रूप ले सकती है, इसलिए आवश्यकता है कि समय रहते सवर्णों की भावनाओं को समझा जाए तथा scst एक्ट पर विचार किया जाए. उन्होंने कहा कि लोग अब महसूस करने लगे हैं कि नेचुरल जस्टिस खत्म हो रहा है और लगता है कि यह कानून हमें प्रताड़ित करने के लिए बनाया गया. मनोवैज्ञानिक दृष्टि से यह बहुत खतरनाक स्वरूप बन जाएगा इसलिए यह आवश्यक है कि आज की परिस्थिति में सभी दल के लोगों को बैठ करके इस समस्या के बारे में गहराई से विचार करना चाहिए.

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