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ओवैसी से भी ज्यादा जहरीला रहा है नरेश अग्रवाल का राजनैतिक जीवन….जानिये क्यों उबल पड़े हैं हिन्दू संगठन

राज्यसभा सांसद तथा समाजवादी के नेता नरेश अग्रवाल आज भाजपा में शामिल हो गये. नई दिल्ली के दीनदयाल उपाध्याय मार्ग स्थित पार्टी के केन्द्रीय कार्यालय में केन्द्रीय मंत्री पीयूष गोयल तथा भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता संबित पात्रा ने नरेश अग्रवाल को पार्टी की सदस्यता दिलाई. हालांकि भाजपा के इस फैसले का चौतरफा विरोध शुरू हो गया है. सारे हिन्दू राष्ट्रवादी संगठनों तथा कार्यकर्ताओं ने नरेश अग्रवाल को भाजपा में शामिल करने के पार्टी के फैसले के खिलाफ तीव्र वरोध शुरू कर दिया है.

आखिर नरेश अग्रवाल के भाजपा में शामिल होने का विरोध हो भी क्यों न, उसका इतिहास ही ऐसा रहा है कि किसी भी धर्म अनुगामी राष्ट्रवादी व्यक्ति को नरेश अग्रवाल को स्वीकार करना नामुमकिन है. अब हम आपको नरेश अग्रवाल के बारे में कुछ ऐसी बातें बताने जा रहे हैं जिसके कारण भाजपा के इस फैसले का विरोध हिन्दू संगठन कर रहे है–

1- ये वही नरेश अग्रवाल है जिसने अयोध्या में रामभक्त कारसेवकों के नरसंहार का खुलकर समर्थन किया था.

2- ये वही नरेश अग्रवाल है जो शुरू से ही अयोध्या में श्रीराम मंदिर निर्माण की बजाय बाबरी मस्जिद बनाने के समर्थन में आवाज उठाता रहा है.

3- ये वही नरेश अग्रवाल है जिसने सर्जिकल स्ट्राइक की खिलाफत करते हुए इसे फेक बताया तथा देश की रक्षक भारतीय सेना के शौर्य तथा क्षमता पर सवाल उठाये थे.

4- ये वही नरेश अग्रवाल है जिसने पाकिस्तान के शुर में शुर मिलाते हुए भारत माता के लाल कुलभूषण जाधव को आतंकी बताया था जबकि उस समय भारत सरकार तथा पूरा देश कुलभूषण जाधव के समर्थन में था.

5- ये वही नरेश अग्रवाल है जिसने भरी संसद में देश के आराध्य प्रभु श्री राम तथा उनके पूरे परिवार को गाली दी थी.

6- ये वही नरेश अग्रवाल है जो आये दिन संघ तथा बजरंग दल जैसे हिन्दू संगठनों के कार्यकर्ताओं को सजा दिलाने तथा इन संगठनों पर बैन लगाने की मांग करता रहा है.

7- ये वही नरेश अग्रवाल है जिसने अपराधियों के खिलाफ एक्शन ले रही तथा उनके एनकाउंटर कर रही उत्तर प्रदेश पुलिस को कटघरे में खड़ा किया था तथा उत्तर प्रदेश की जांबाज पुलिस के शौर्य तथा साहस पर सवाल उठाये थे.

8- ये वही नरेश अग्रवाल है जिसने कचहरी ब्लास्ट के आतंकियों के मुकदमे वापस लेने वाली अखिलेश सरकार का साथ दिया था.

9- ये वही नरेश अग्रवाल है जिसने सुदर्शन न्यूज के चेयरमैन सुरेश चव्हाणके के खिलाफ राज्यसभा में लॉबी बनाई थी.

10- ये वही नरेश अग्रवाल है जिसने मुजफ्फरनगर दंगों में हिन्दुओं पर ताबड़तोड़ मुकदमे दर्ज करवाए थे.

अब जिस अन्रेश अग्रवाल का पूरा राजनैतिक इतिहास ही धर्म तथा राष्ट्र के खिलाफ रहा हो तथा भाजपा जो स्वयं को धर्म तथा राष्ट्र की सबसे बड़ी पैरोकार बताती है वो भाजपा जब नरेश अग्रवाल को पार्टी में शामिल करेगी तो हर व्यक्ति जो राष्ट्रवादी है, धर्म पथ पर चलता है तथा राजनैतिक रूप से निस्वार्थ भाव से भाजपा का समर्थन करता है वह नरेश अग्रवाल को भाजपा में कभी स्वीकार नहीं कर पायेगा और यही कारण है नरेश अग्रवाल के भाजपा की सदस्यता लेते ही भाजपा के इस फैसले का चौतरफा विरोध तथा आलोचना शुरू हो गयी है जो बिलकुल उचित है.

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