मुख्य न्यायाधीश पर यौन शोषण के आरोप के बीच आया प्रशांत भूषण का नाम.. वही भूषण जो कर रहे हैं रोहिंग्याओं की पैरोकारी

सुप्रीम कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश रंजन गोगोई पर एक महिला द्वारा यौन शोषण के आरोपों के बीच प्रशांत भूषण का नाम सामने आया है.. वही भूषण जो पूर्व CJI दीपक मिश्रा के खिलाफ महाभियोग लाने का प्रबल पक्षकार था तथा जो रोहिंग्या आक्रान्ताओं की पैरोकारी भी कर रहा है. ये वही भूषण है जो एक समय जस्टिस गोगोई का समर्थक था लेकिन जब जस्टिस गोगोई ने इसके एजेंडे के खिलाफ फैसले सुनाये तो इसने साजिशें रचना शुरू कर दिया. खबर आ रही है कि जिस महिला ने CJI रंजन गोगोई पर यौन उत्पीड़न के आरोप लगाये हैं उसकी मदद प्रशांत भूषण ने की थी.

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खबर के मुताबिक़, वकील एमएल शर्मा ने सुप्रीम काेर्ट में याचिका दायर कर दावा किया है कि एक्टिविस्ट वकील प्रशांत भूषण और छह अन्य ने चीफ जस्टिस रंजन गाेगाेई पर याैन शाेषण के आराेप लगाने वाली महिला की मदद की थी. शर्मा ने चीफ जस्टिस की बेंच के सामने कहा, ‘आपके खिलाफ यौन शोषण के आरोपाें के पीछे प्रशांत भूषण है. एक इंटरव्यू में उन्हाेंने माना है कि उनके साथ सीनियर एडवाेकेट शांति भूषण, कामिनी जायसवाल और वृंदा ग्रोवर ने चीफ जस्टिस के खिलाफ हलफनामा दायर करने में महिला की मदद की थी.

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एमएल शर्मा ने याचिका में वकील प्रशांत भूषण, कामिनी जायसवाल, वृंदा ग्रोवर, शांति भूषण, इंदिरा जयसिंह, नीना गुप्ता भसीन और दुष्यंत के अलावा सीबीआई को पक्षकार बनाया है. उन्हाेंने कहा है कि सुप्रीम कोर्ट के कुछ वरिष्ठ वकीलों ने एनजीओ खोल रखे हैं. इन्हें देश-विदेश से चंदा मिलता है. यह लाेग एनजीओ के जरिये सुप्रीम कोर्ट और जजों को नियंत्रण में लेना चाहते हैं. इसी के चलते चीफ जस्टिस के खिलाफ साजिश रची गई है तथा इसके पीछे प्रशांत भूषण हैं.

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