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मिशेल की गिरफ्तारी से भगोड़े विजय माल्या पर छाया खौफ… बोला- प्लीज ले लीजिए पैसे

बैंकों का पैसा लेकर फरार हुआ डिफाल्टर विजय माल्या अब खौफ में नजर आ रहा है. बैंक धोखाधड़ी मामले में ब्रिटेन की अदालत में प्रत्यर्पण परीक्षण से गुजर रहे भगोड़े विजय माल्या ने भारतीय बैंकों को कर्ज की मूल राशि भुगतान करने की पेशकश की है. पता चला है कि अगस्ता वेस्टलैंड हेलिकॉप्टर सौदे में कथित मध्यस्थ मिशेल की गिरफ्तारी से विजय माल्या डर गया है. इस वजह से उसने भारतीय बैंकों को कर्ज की मूल राशि (बिना ब्याज ) का 100 फीसदी भुगतान करने की पेशकश की है.

भगोड़े विजय माल्या ने कई ट्वीट करते हुए कहा कि मैं 100 फीसदी भुगतान करने की पेशकश कर रहा हूं. मैं विनम्रतापूर्वक बैंकों और सरकार से इसे लेने का अनुरोध करता हूं. बता दें कि माल्या अप्रैल के बाद से प्रत्यर्पण वारंट पर यूके में जमानत पर हैं. उसके ऊपर धोखाधड़ी और मनी लॉंडरिंग के मामले में 9,000 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी का आरोप है. माल्या साल 2016 में 2 मार्च को देश छोड़कर भाग गया था. 28 फरवरी को माल्या को कर्ज देने वाले भारतीय स्टेट बैंक ने भी कानूनी सलाह लेने के बाद न्यायालय में माल्या को देश से बाहर जाने पर रोक लगाने की मांग की थी. हालांकि इस पर कोई कार्रवाई नहीं की गई और चार दिन बाद माल्या देश छोड़कर भाग गया.

विजय ने कई ट्वीट कर बैंकों को पैसे देने की पेशकश की है. एक ट्वीट में माल्या ने कहा, “तीन दशकों तक भारत के सबसे बड़े शराब समूह को चलाने के लिए हमने हजारों करोड़ का योगदान दिया. किंगफिशर एयरलाइंस ने भी राज्यों को सौहार्दपूर्ण योगदान दिया. बेहतरीन एयरलाइन को नुकसान हुआ लेकिन फिर भी मैं बैंकों को भुगतान करने की पेशकश करता हूं. कृपया इसे लें.” विजय माल्या ने बैंकों से निवेदन किया है वह बैंकों का सारा मूलधन लौटाने को तैयार है लेकिन वह ब्याज नहीं दे पायेगा.

बता दें कि सीबीआई ने 3,600 करोड़ रुपये के अगस्ता वेस्टलैंड हेलिकॉप्टर सौदे में कथित मध्यस्थ मिशेल का प्रत्यर्पण करने में सफलता हासिल की है. सीबीआई प्रवक्ता के मुताबिक इस योजना का कोड नेम ‘यूनिकॉर्न’ रखा गया था. सीबीआई ने कहा, “सीबीआई में संयुक्त निदेशक ए साईं मनोहर की अगुवाई वाली एक टीम दुबई में इस उद्देश्य के लिए गई थी. राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल के मार्गदर्शन में पूरे ऑपरेशन को प्रभारी निदेशक सीबीआई एम नागेश्वर राव द्वारा समन्वयित किया गया था.”

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