शामली पुलिस ने एक बार फिर निर्भयता दी समाज को… अवैध हथियारों को बनाने वाला आलीशान दबोचा गया

पश्चिमी उत्तर प्रदेश का शामली जनपद.. शामली नाम आते ही लोगों के मन में अनायास ही तमाम तरह के सवाल व आशंकाएं स्वतः ही जन्म लेने लगती हैं. वो शामली जिसके बारे में एक छबि बन चुकी थी कि शामली मजहबी चरमपंथ का अड्डा बन चुका है. मजहबी उन्मादियों के डर से शामली से कभी पलायन की खबरें सामने आती थी तो कभी कुख्यात अपराधी हथियारों के दम पर जिले में अपनी खुद की सत्ता चलाते हुए नजर आते थे. लेकिन अब समय बदल चुका है तथा समय के साथ बदल चुकी है शामली और वहां की कानून व्यवस्था.

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शामली के वर्तमान पुलिस अधीक्षक अजय कुमार के नेतृत्व में शामली पुलिस जहाँ आम जनता की सबसे अच्छी मित्र बनी हुई है तो वहीं समाज के दुश्मन अपराधियों की सबसे बड़ी दुश्मन. अपराधीकरण के खिलाफ बेहद ही सक्रिय शामली पुलिस के जवानों ने एक और बहादुरी भरा कार्य किया है. खबर के मुताबिक़, शुक्रवार देर रात शामली के झिंझाना इंस्पेक्टर व ऊन के चौकी इंचार्ज ने गागौर गाँव के जंगल में एक तमंचा बनाने वाली फैक्ट्री का भांडाफोड़ किया है.  पुलिस ने मौके से एक कुख्यात आलीशान पुत्र अब्बास निवासी ओदरी को गिरफ्तार भी किया है तथा समाज को निर्भयता का सन्देश दिया है.

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बताया गया है कि गिरफ्तार कुख्यात आलीशान के पास से पांच तमंचे, तमंचे बनाने के उपकरण व जिंदा कारतूस बरामद हुए हैं. आलीशान एक कुख्यात अपराधी है जिस पर 25 हजार रूपये का इनाम घोषित था. पुलिस ने मामला दर्ज कर गिरफ्तार आलीशान को जेल भेज दिया है. बता दें कि इससे पहले शुक्रवार शाम को ही कैराना कोतवाली पुलिस ने बसेड़ा बिजलीघर के पास चेकिंग के दौरान फैय्याज पुत्र हकीमुद्दीन निवासी बरनावी को शक होने पर रोका. उसकी तलाशी ली गई तो उसके पास से एक ३१५ बोर का तमंचा बरामद हुआ. पुलिस ने फैयाज के खिलाफ मामला दर्ज कर उसे भी जेल भेज दिया है.

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