Breaking News:

सुनना तो बहुत दूर , सोचा भी नहीं होगा ऐसा तुगलकी फरमान जो मिला है बंगलौर पुलिस को DCP साहब द्वारा

कभी कभी कुछ लोग सोचते होंगे कि आखिर कैसे मुगल बादशाह वो रहे होंगे जिन्होंने कभी जजिया जैसा कर लगाया रहा होगा , आदि आदि . 

पर तुगलकी फरमानो के लिए अब शायद हमे इतिहास पढ़ने की जरूरत नहीं है , अब वो सारे तुगलकी फरमान अपनी आँखों से देखे और कानो से सुने जा सकते हैं . जी हाँ , ये बात किसी इस्लामिक देश की नहीं हो रही बल्कि ये बात चल रही है भारत के ही अंदर वो भी सबसे उन्नत शहरों में से एक बंगलौर शहर की जहाँ भारत का तकनीकी और विज्ञानं का केंद्र बसा हुआ है . 

फरमान है कि कोई भी हिन्दू पुलिस वाला अपने माथे पर तिलक नहीं लगा सकता और ना ही वो हाथ में कलावा बाँध सकता है , यदि किसी ने ऐसा किया तो गंभीर सज़ा का भागीदार होगा और ये सजा उसे देंगे शहर के एक पुलिस अधिकारी जी जिनका नाम है किशोर बाबू . किशोर बाबू के तर्क भी काफी विचारणीय हैं अपने इस आदेश के संबंध में , जिनका कहना है कि कलावा बाँधने और तिलक लगाने से धार्मिक भेदभाव पैदा होते हैं .

DCP साहब यहीं नहीं रुके , उन्होंने पुलिस टीम में शामिल महिला पुलिसकर्मियों को भी आदेश दिया है जिसमे उन्हें चूड़ी और झुमके आदि पहनने से साफ़ मना कर दिया गया है . यद्द्यपि DCP साहब ने किसी भी अन्य मत या सम्प्रदाय के लिए कोई भी नियम या क़ानून नहीं लगाए . DCP किशोर बाबू ने अपने आदेश का बेहद सख्ती से अनुपालन का आदेश भी अपने अधीनस्थों को जारी किया है.. 

सुदर्शन न्यूज को आर्थिक सहयोग करने के लिए नीचे DONATE NOW पर क्लिक करे
DONATE NOW