आदिवासी हिन्दू महिलाओं को नंगा नचाकर कौन सी ईद बनाई गई असम में ? उठे सवाल- “क्या भविष्य में इतिहास दोहराने की तैयारी तो नहीं” ?

उन्हें ईद मनानी थी तो उन्होंने इसके लिए आदिवासी हिन्दू युवतियों के डांस ग्रुप को डांस के लिए आमंत्रित किया. आदिवासी हिन्दू युवतियों को आमंत्रित किया गया था कि वो स्थानीय असमियाँ नृत्य प्रस्तुत करेंगी. लेकिन जैसी ही युवतियों ने असमिया नृत्य शुरू किया, तो आयोजक तथा दर्शकों ने लड़कियों से कपडे उतार कर नृत्य करने की मांग कर दी. जब युवतियों ने इसके लिए मना किया तो जबरन उनके कपडे खींचे जाने लगे तथा धमकी दी गई. इसके बाद किसी तरह डांस ग्रुप वहां से बचकर भागा तो उन्मादियों ने पीछा कर उन पर हमला किया. मामले की शिकायत दर्ज होने के बाद पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है.

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मामला असम के कामरूप जिले का है ईद की खुशी में 7 जून को एक कार्यक्रम आयोजित किया गया था. डांस ग्रुप के डायरेक्टर अरूप डी राभा की एफआईआर के मुताबिक बोको, असम के ‘रेनबो डांस ग्रुप’ को कामरूप जिले के चायगाँव इलाके में असोलपोरा गाँव में ईद के जश्न में नाचने के लिए बुलाया गया था. बताया गया था कि यह एक ‘सांस्कृतिक कार्यक्रम’ है. सह-आयोजक कुद्दुस अली ने ग्रुप को 37,000 देने का वादा किया था और इसके भुगतान के लिए 7 जून की तारीख तय की थी.

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तय दिन-तारीख-समय पर जब 42-सदस्यीय ग्रुप वहाँ पहुँचा तो वहाँ सांस्कृतिक कार्यक्रम जैसा कोई माहौल नहीं था. जब उन्होंने कुद्दुस अली से इस बारे में बात की तो वह उन्हें एक संदेहास्पद स्थान पर ले गया जो हर तरफ से लोहे की चादरों से घिरा हुआ था. जब डांस ग्रुप ने अपना पारंपरिक नृत्य शुरू किया तो वहाँ जमा 700-800 लड़कों की भीड़ ने उत्पात शुरू कर दिया, और लड़कियों के कपड़े खींचने लगे. आयोजकों ने भी लड़कियों को बचाने की बजाय उनका साथ देना शुरू कर दिया. उन्होंने लड़कियों से कहा कि सभी कपड़े उतार कर अश्लील गानों पर नाचें. इसके लिए उन्हें खंजर दिखाकर धमकाया भी गया. इस मामले में उन्होंने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई है.

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उन्होंने कहा कि इसके बाद पता चला कि आयोजकों ने भीड़ से झूठ बोला था कि नग्न नृत्य करने वाली लड़कियों का ग्रुप कूच बिहार से मँगाया जाएगा, और इसके लिए उन्होंने भीड़ से मोटी रकम भी ऐंठी थी.  एफआईआर के अनुसार भीड़ और आयोजकों ने लड़कियों को अभद्र तरीके से छू कर उनके कपड़े उतरवाने की कोशिश की थी.  नग्न अवस्था में नाचने से इनकार करने पर उन्हें गन्दी गालियाँ भी दी गईं. ग्रुप के लोग किसी तरह वहाँ से निकल भागने में सफल रहे. भागते हुए उनके वाहन पर भी कुल्हाड़ियों और लोहे की सलाखों से हमला हुआ जिससे उनका वाहन गंभीर रूप से क्षतिग्रस्त हो गया.

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उन्होंने मदद के लिए अपने दोस्तों और बोको पुलिस स्टेशन को फोन किया. उन्होंने बताया कि बाद में रात में, डांस ग्रुप पुलिस एस्कॉर्ट के साथ बोको पहुँचा. बोको पुलिस स्टेशन में दर्ज एफआईआर में ग्रुप के डायरेक्टर अरूप डी राहा ने कुद्दुस अली, सैय्यद खान, अतीकुल असलम, समाजुद्दीन, जहरुल असलम और अब्बास अली को नामजद किया गया है. उपरोक्त सभी व्यक्ति आयोजक समिति के सदस्य हैं. पुलिस की जाँच में अब तक सुभान खान और शाहरुख़ खान की गिरफ़्तारी हो पाई है. इस मामले में पुलिस का कहना है कि दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है तथा बाकी को भी जल्द गिरफ्तार कर लिया जायेगा.

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