मस्जिद के अंदर हुआ था रोजेदार का क़त्ल और मौलाना मचाने लगा था हंगामा…लेकिन जब राज खुला तो सामने आया वो सच जो किसी ने सोचा भी नहीं था

वो मौलाना कहता था कि मुसलमानों को किसी महिला के साथ गलत काम करना तो दूर ऐसा करने के बारे में सोचना भी नहीं चाहिए. वो मौलाना पूरा दुनिया को अमन का, मोहब्बत का सन्देश देता था. रमजान माह में मौलाना मस्जिद में रोजेदारों को ईमान की बड़ी-२ बाते सिखा रहा था. फिर अचानक एक दिन उसी दिन मस्जिद में एक रोजेदार का क़त्ल हो गया जिससे सनसनी मच गयी तथा लोग सडकों पर उतर आये. मौलाना साहब भी हंगामा मचाने लगे कि देश में रमजान माह में भी मुसलमान सुरक्षित नहीं है. मौलाना ने कहा कि अगर रोजेदार के हत्यारे को जल्द गिरफ्तार नहीं किया गया तो वह उग्र आन्दोलन को मजबूर होंगे.

मामला झारखण्ड के लातेहार जनपद के हेरहंज थाना क्षेत्र के नवादा गाँव का है जहाँ की एक मस्जिद में ३१ मई की रात को एक रोजेदार की ह्त्या कर दी गयी. अब इस सनसनीखेज हत्याकांड का खुलासा हुआ तो खुलासा हत्या से भी सनसनीखेज निकला. स्थानीय डीएसपी अजीत कुमार ने बताया कि रोजेदार की ह्त्या मस्जिद के मौलाना ने ही की थी. बताया गया है कि मस्जिद का मौलाना अब्दूल गफ्फार और एक महिला मस्जिद के अंदर रंगरलियां मना रहा था. आकस्मिक रूप से रोजेदार गुलाब वहां पहुँच गया तथा मौलाना को महिला के साथ रंगरेलियां मनाते हुए रेंज हाथों पकड़ लिया. रोजेदार गुलाब अंसारी ये देखकर भड़का गया तथा मौलाना को कहा पंचायत बुलाकर तुम्हारे सारी करतूत बताउंगा. यही कारण तथा महिला और मौलवी ने उससे माफी मांगी तथा किसी को न बताने को कहा तथा बातों ही बातों में टांगी से मार कर उसकी हत्या कर दी.

आश्चर्य इस बात का है कि मामले की जाँच करने के लिए जब पुलिस पहुंची तो मौलाना ने इस घटना से अत्यंत दुख होने का अभिनय किया था तथा रमजान के माह में मस्जिद में हुई हत्या को अलग रंग देने का भी प्रयास किया ताकि किसी और को फंसाया जा सके. लेकिन पुलिस ने छानबीन की तो खुलाशा हो गया कि मौलाना ने ही रमजान के माह में मस्जिद में रोजेदार की हत्या कर दी थी. मौलाना और महिला को पुलिस ने जेल भेज दिया.


राष्ट्रवादी पत्रकारिता को समर्थन देने हेतु हमे आर्थिक सहयोग करे. DONATE NOW पर क्लिक करे
DONATE NOW

Share