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रकबर के मचाये हल्ले में उन्हें लगा कि अलवर में अब किसी की हिम्मत नहीं बोलने की.. इसलिए उन्होंने फिर काट दी गाय

देश की राजनीति अभी भी अलवर काण्ड को लेकर गरमाई हुई है. वही अलवर काण्ड जिसमें गौरक्षकों के साथ आपसी झड़प में  गौतस्कर रकबर खान की मौत हो गयी थी. रकबर खान की मौत के बाद न सिर्फ राजस्थान बल्कि पूरे देश की राजनीति में भूचाल आ गया तथा तथाकथित बुद्धिजीवी व धर्मनिरपेक्ष नेताओं ने गौरक्षकों को निशाने पर लेना शुरू कर दिया. रकबर खान को लेकर इतना ज्यादा हल्ला मचाया गया कि गौतस्करों को लगा कि इस देश में उनके कई हमदर्द मौजूद हैं तथा इसके बाद गौतस्करों ने के बार से कानून को ठेंगा दिखाते हुए हिन्दुओं को सीधी चुनौती देते हुए एक बार फिर से गाय को काट डाला.

ज्ञात को कि अलवर जिले के जिस गोविंदगढ़ थाना इलाके में पिछले साल नवंबर में गौतस्कर उमर खान की गौरक्षकों से भिडत हुई थी तथा उसके बाद भी काफी बवाल हुआ था, वहीं अब एक बार फिर से गोमांस बरामद हुआ है. यहां अंबेडकर नगर में गोकशी की सूचना के बाद गोमांस की बिक्री का खुलासा हुआ है. गोमांस बरामद होने के बाद राजस्थान के अलवर जिले में फिर से गोकशी का मुद्दा गर्मा गया है. पुलिस के अनुसार अलवर जिले के गोविंदगढ़ थाना इलाके में अंबेडकर नगर के जाटों मोहल्ले में सोमवार को गोकशी की घटना सामने आई है. सूचना के बाद गोविंदगढ़ थाना पुलिस मौके पर पहुंची और करीब 40 किलो गोमांस बरामद किया है. पुलिस ने 4 महिलाओं को भी हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है. पुलिस ने बताया कि जाटव मोहल्ले के सलीम कसाई के दो बेटों के द्वारा गोकशी की घटना को अंजाम दिया गया.

गोमांस मिलने की सूचना पर जब पुलिस पहुंची तब तक आरोपी फरार हो चुके थे. घर की महिलाओं ने बताया कि रात को ही गोकशी हुई थी. गोकशी के बाद गौ मांस को पैक करके बेचने की तैयारी की जा रही थी. इसके बाद पुलिस को सूचना लगने के बाद पुलिस ने दबिश दी तो करीब 40 किलो गोमांस बरामद हुआ. इसके अलावा बड़ी संख्या में गायों के अवशेष और चमड़ी बरामद की गई है. जो महिलायें गिरफ्तार की गयी हैं उसमें एक सास तथा दो उसकी बहूएँ हैं व एक अन्य महिला गौतस्कर है. महिलाओं ने पूछताछ में बताया कि रकबरी के बेटे शकील खान और उसके साथी सत्तार ने जंगल में गाय का बछड़ा काटा था. पुलिस ने जंगल में उस जगह को भी तलाश कर लिया है, जहां बछड़े को काटा गया था. फिलहाल पुलिस मुख्य आरोपियों की गिरफ्तारी की कोशिश में जुटी है.

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