उबल रहा है मेरठ लव जिहाद की शिकार लड़की की मौत के बाद… चप्पे चप्पे पर पुलिस होने के बाद कई घरों पर हमले

उत्तर प्रदेश के मेरठ के सरधना के औरंगानगर रार्धना गाँव में लव जिहादी खालिद के झाँसे में आने से इनकार करना तनु के लिए भारी पड़ गया तथा खालिद ने तनु को जबरन दे दिया जिससे तनु की मौत हो गयी. हालाँकि खालिद को जब तनु के परिजनों ने घेर लिया तो भयभीत होकर खालिद ने भी जहर खा लिया तथा बाद में उसकी की मौत हो गयी. लेकिन जिस तरह से खालिद ने तनु को जहर दिया तथा उसकी जान ली, उससे क्षेत्र में अभी तक तनाव व्याप्त है तथा गाँव में चप्पे चप्पे पर पुलिस बल तैनात है.

भले की क्षेत्र में पुलिस बल तैनात को लेकिन तनु की मौत के बाद लोगों का आक्रोश चरम पर है तथा आक्रोशित भीड़ ने गांव की गलियों में नारेबाजी करते हुए एक मजहबी स्थल पर पथराव कर दिया तथा क्लीनिक और घर में तोड़फोड़ कर दी. पुलिस अधिकारियों और चौबीसी के लोगों ने किसी तरह हालात संभाले. तनावपूर्ण स्थिति को देखते हुए अतिरिक्त पुलिस फोर्स और पीएसी तैनात करनी पड़ी है. तनु की मौत से गुस्साए लोग नारेबाजी कर रहे थे. गण्यमान्य लोग और चौबीसी के लोग माहौल को भांपकर स्थिति संभालने की कोशिश कर रहे थे. कई बार पथराव और तोड़फोड़ की घटना हुई. भीड़ में शामिल कुछ लोगों का आरोप था कि गांव के निजी चिकित्सक कमाल ने अपने समुदाय के युवक को तो इलाज के लिए अस्पताल भेज दिया था. जबकि जान बूझकर किशोरी छात्रा को यह कहकर परिजनों से मना कर दिया था कि उसने जहर ही नहीं खाया. हालत बिगड़ने पर परिजन किशोरी को लेकर अस्पताल पहुंचे तो किशोरी ने रास्ते में ही दम तोड़ दिया. डॉक्टर पर इलाज न करने का आरोप लगाकर भीड़ नारेबाजी पर उतर आई. लोगों का कहना है कि डॉक्टर ने जानबूझकर लापरवाही बरती क्योंकि वह लव जिहादी खालिद से संबंधित था.

रात करीब नौ बजे जब तक एसपी देहात राजेश कुमार फोर्स लेकर गांव में पहुंचते, उससे पहले तक आक्रोशित लोगों ने कई बार आगजनी की कोशिश की. एक मजहबी स्थल पर भीड़ ने पथराव कर दिया. डॉ. कमाल के क्लीनिक के अलावा शमशाद के मकान में तोड़फोड़ कर दी गई. सांप्रदायिक तनाव की सूचना पर एसएसपी अखिलेश कुमार पुलिस फोर्स और पीएसी लेकर गांव में पहुंचे और स्थिति को काबू में किया. देर रात विनोद मैनेजर रार्धना, बजरंगदल के विभाग संयोजक मिलन सोम गांव पहुंचे और बमुश्किल भीड़ को शांत किया. देर रात तक गांव में तनाव का माहौल बना हुआ था. दौराला, जानी, सरूरपुर, खरखौदा, भावनपुर, फलावदा के अलावा जिले के कई थानों की पुलिस के अलावा पीएसी गांव में तैनात थी.

Share This Post