मणिपुर में आज यानी गुरुवार को रेड शील्ड डिवीजन का दौरा करते हुए लेफ्टिनेंट जनरल अभिजीत एस. पेंढरकर, AVSM, YSM, जनरल ऑफिसर कमांडिंग (GOC) स्पियर कॉर्प्स ने विभाग की ऑपरेशनल तैयारियों की बारीकी से समीक्षा की। इस दौरे के दौरान उन्होंने डिवीजन की उच्च स्तर की तैयारियों, तकनीकी नवाचारों और निच टेक्नोलॉजी के समुचित समावेशन की तारीफ की, जिसने संचालन क्षमता में महत्वपूर्ण सुधार किया है।
सैनिकों की मेहनत और समर्पण को मिला सम्मान
अपने संवाद के दौरान GOC ने सैनिकों की पेशेवरिता, समर्पण और उच्च मनोबल की सराहना की। उन्होंने सैनिकों को भविष्य की चुनौतियों का सामना करने के लिए तत्पर रहने के लिए प्रेरित किया। GOC ने डिवीजन की काउंटर इंसर्जेंसी ऑपरेशंस में निभाई गई महत्वपूर्ण भूमिका और अपर असम व मणिपुर में शांति सुनिश्चित करने के प्रयासों की भी प्रशंसा की।
ऑपरेशनल चर्चा और रणनीतिक सुझाव
दौरे के दौरान GOC ने विभिन्न ऑपरेशनल चर्चाओं का भी निरीक्षण किया, जहाँ उन्होंने संचालन क्षमता बढ़ाने के लिए महत्वपूर्ण सुझाव दिए। इस दौरान क्षेत्र में कार्यरत सभी फॉर्मेशन कमांडरों – भारतीय सेना और असम राइफल्स के – ने भी सक्रिय रूप से भाग लिया।
एक संयुक्त प्रयास की मिसाल
GOC का यह दौरा न केवल डिवीजन की वर्तमान स्थिति का आकलन करने का एक महत्वपूर्ण अवसर था, बल्कि यह भी सिद्ध करता है कि भारतीय सेना और असम राइफल्स मिलकर क्षेत्र में शांति और स्थिरता बनाए रखने के लिए निरंतर प्रयासरत हैं।